सारे दिन में छोटी छोटी बातों में कितने अपसेट होते रहते हैं। किसी ने कुछ कह दिया , किसी ने कुछ कर दिया हम मूझ परते है । सारे दिन व्यर्थ चलते रहते। कमाया हुआ सब कुछ गवा देते हैं। और यही हम 63 जन्मो से अभ्यास कर रहे हैं। सोच सोच कर छोटी सी बात को बहुत बड़ा बना लेते हैं। बाबा ने हमें इतना सुंदर सत्य ज्ञान दिया जो हर बात से सेफ्टी दिला सकते हैं। सिर्फ उस ज्ञान जा सही जगह पर उपयोग करना है। ज्ञान हमे पढ़ कर भूलने के लिए नही मिल रहा है। उसे सही जगह यूज़ करने अर्थ दिया है। जैसे कि किसी ने कुछ गलत कह दिया उस बात पर दुखी नही होकर ऐसे समझ सकते हैं कि मेरा ही कोई हिसाब किताब था जो चुकतु हुआ है तो मन अपसेट नही होगा। कर्मो का गुह्य गति को याद रखेंगे तो समस्या समाधान हो जाएगा। हल्के रह सकते हैं। ऐसे ही हर बात का बाबा ने हमे स्पिरिचुअल अर्थ बताए हैं। हमारा सोच को भी स्पिरिचुअल बनाना है। ओम शांति